गाम गुवांड म्हं नाम होरा सै आपणा
जड भी जावां हाम औडे छाया करां
किसा ए टोपिक चालरा हो किते भी
उसे पै एंडी चुटकला सुणाया करां
जै रोण नै होरे किसे बात पै सारै
सुणा के कविता सबनै हंसाया करां
जै नाम लेके चुटकला सुणांदा हो
इज्जत उसकी तार बगाया करां
आदमी गैलयां दस मिनट बतलादी ए
उसपै एक गजल जिदे बणाया करां
"Nasib Phogat" का काम लिखण का रहगा इब
फसजा माईक किते धूमां औडे ठाया करां