एक बे चतरू दुखी हो रह्य आर भाज्या जाण लागराया था । आगे ते भरतु आगया आर नु बोल्या के भाई चतरू कित भाज्या जाण लाग्र्या से , चतरू बोल्या अक के बताऊँ भाई भरतु मेरी बहु खु गी आर मैं उसने टोन जाऊ सु, पर एक बात बता परेशान ते तू भी बोहोत होरया से के बात से ,
भरतु बोल्या अक भाई मेरी भी बहु खु रही से मैं...