yes, I too do agree with you
regards
Dr. R S Kankara
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Dr. R S Kankara
पहली बात तो या से अक आड़े लिखे ते किम्मे होना जाना तो से नहीं.
पर जब गुत्थम गुत्था हो रे सो तो मेरा सुझाव तो यो है अक किस्से ने भी ना बनाओ . क्युकी अच्छा भला आदमी भी जब कप्तान / चौधरी / पञ्च / सरपंच बन जा है तो वो खुंड हो जा है . उदहारण के तौर पर - मन मोहन सिंह . वित्त मंत्री ठीक था, जब ते परधान मंत्री बना से , सबकी गाल खावे से . सचिन तेंदुलकर का भी योहे हाल होया था . बनाना से तो कोए इस्सा बना दयो जो पहलया ते ऐ खुंड रया हो | लोल लोल लोल्ज़ :livid: