albaadi baalkaan key kissey.

में जब उनिवार्सिती कोलेज में पढ्या करदा | तो जब बस के दो पास बन्या करदे | एक गाम तें रोहतक बस स्टैंड ताहि , एर दुसरा बस स्टेंड तें मेडिकल ताहि ,मेडिकल आली बसां का | एक में रोहतक जावन लाग्र्या था | कंडेक्टर जो घंखरी बे नु कहे तें मान जाया करदे अक पास स | पर यो नु बोल्या मन्ने पास दिखा | मन्ने पास दिखा दिया तो कंडेकटर घना राजी होया एर नु बोल्या आज फंस गा बेटा | तम घणे आंडी पाको सो स्कूल कोलेज आले छोरे , तेरे ताहि आज मन्ने आज एक नया पाठ नि पढ़ाया तो मेरा नाम नि | मन्ने कई बे कही अक के बात होई पर उन्ने किम्मे बताई कोणी एर पास धर लिया गोज में एर नु बोल्या तू बस स्टैंड पे चाल में सारी बात बता दूंगा | तमने रोडवेज लूट के धर दी, एर बेरा ना सारी बस माँ के हाँ-हांड के किम्मे-किम्मे बकदा रह्या| में समझ गया अक किम्मे इने देखन भालन में गड़बड़ होई से मखा ले जावन दे कित ले जावेगा | मन्ने भी घणा हांगा ना कर्या |में छोटा घणा था , जयां तें मेरा हाथ पकड़ कें एर हलान्दा चाल पड्या, अक जाणू तो कोए ट्राफी थया गी ) कोए बड़ा तगड़ा छोरा होए तो उने ठा कें बागा देवे-ए | वो मन्ने बिल्डिंग में ले गा पहली मंजिल पे जित टिकट चेकर बेठ्या करदे | वे मन्ने देखदे बोले आ भाई छोरा के हाल से | एर कंडेकटर चोर भोर होया लाखावे एक इने सब कु बुझे सें | असल में मेरा मामा उड़े मनेजर था , एर सारे स्टाफ आले बियाह शादी में ,एर वाणे ठान्या में उनका आणा -जाणा था , ज्यां तें पिछाने थे, एर घन्खरी में वे-ए मन्ने बिना लाइन के पास काढ के दिया करदे | मन्ने कही अक यो पकड़ लाया | वे बोले के बात होई | वो बोल्या अक यो छोरा मेडिकल आली बस के पास पे गाम में तें आवन लाग्र्या था एर मन्ने पकड्या स | में नु बोल्या अक इन्हें किम्मे देखना तो आंदा कोणी ,खाम खा का खोखली गादडी की ढाल रोला मचा रया स | एर यो रह्या दुसरा पास | मन्ने मेडिकल आली बस के पास तले तें काढ कें दिखा दिया | ओह कंडेकटर की हालत देखन के लायक थी | एर इन्स्पेक्टर बोले रे बावली तरेड किम्मे देख लिया कर |
 
मेरा छोरा मनु जब ३-४ साल का था | एक बे हाम गाम में गए तो गाल के ऊ के हानिये बालक उन्हें जोहड़ पे ले गे | एर वे लागे जोहड़ में नाहवन | गाम के बाल्कान नु त्तोह तिरना आवे था , पर इअह ने तो तिरना आवे कोणी था | जब कई वार ताहि छोरा ना दिखया तो मेरी माँ उन्हें टोहवन गई | मेरी माँ जब उहने धिन्ग्ताने काढ के लायावन लागी तो बोल्या "आ दादी तू कद मारेगी "|
 
Bhai Ravinder,
Bus Pass wala ek kissa mera bhi se.Jab main ITI me jaya karda to mere gaon te ek bhabhi bhi ITI main jaya karethi jiska naam tha Salochana.Ek baar Checkkar chad gaye bus main oor maine pass nahi banva rakha tha us teen mahine ke rupayye main kha gaya tha.
Salochana Bhabhi mujse aage wali sheet par bathi thi checkkar ne pahle uska pass check kiya oor dusri side ki ticket check karan laage gaya maine Salochana bhabhi ka pass lekar uske upper se photo paad de jab checkkar meri taraf muda oor pass pucha to maine vo pass dikha diya.Checkkar balo bhai yo pass to maine dekha tha main boola har rooj dhekhe hai,Fir boola tera naam ke hai main boola Salochan Singh, checkkar boola isme to salochana likh rakha hai,main boola bhai tumne khidki main aangrage baatha rakhe hain vo Ashok ko Ashoka likhte hain to Salochan ko kiya likhenge yeh meri galti nahin hai.
Checkkar boola bhai ye to thik hai par ispe photo to nahi se ,main boola dusra koi mere paas iske ilava attested photo nahin tha isliye noukri ke form par laga diya.Bhai checkkar to chela gaya par bhabhi aaj bhi milte hi kahti hai "ke hal se salochan singh thik thak se ib mere pass ki jarurat na padti ke main bhi ibto bina photu ka ye rakhu su".
 
Bhai Ravinder,
Bus Pass wala ek kissa mera bhi se.Jab main ITI me jaya karda to mere gaon te ek bhabhi bhi ITI main jaya karethi jiska naam tha Salochana.Ek baar Checkkar chad gaye bus main oor maine pass nahi banva rakha tha us teen mahine ke rupayye main kha gaya tha.
Salochana Bhabhi mujse aage wali sheet par bathi thi checkkar ne pahle uska pass check kiya oor dusri side ki ticket check karan laage gaya maine Salochana bhabhi ka pass lekar uske upper se photo paad de jab checkkar meri taraf muda oor pass pucha to maine vo pass dikha diya.Checkkar balo bhai yo pass to maine dekha tha main boola har rooj dhekhe hai,Fir boola tera naam ke hai main boola Salochan Singh, checkkar boola isme to salochana likh rakha hai,main boola bhai tumne khidki main aangrage baatha rakhe hain vo Ashok ko Ashoka likhte hain to Salochan ko kiya likhenge yeh meri galti nahin hai.
Checkkar boola bhai ye to thik hai par ispe photo to nahi se ,main boola dusra koi mere paas iske ilava attested photo nahin tha isliye noukri ke form par laga diya.Bhai checkkar to chela gaya par bhabhi aaj bhi milte hi kahti hai "ke hal se salochan singh thik thak se ib mere pass ki jarurat na padti ke main bhi ibto bina photu ka ye rakhu su".


bahot aachhaa laagyaa dhaakaa saab mokey kaa sahi fedaa thaayaa.ye JL aaley nu kahwey sein ak tu-a albaadi s ,dekh lo bhaaiyo dusrey bhi sein albaadi ,
 
bahot aachhaa laagyaa dhaakaa saab mokey kaa sahi fedaa thaayaa.ye JL aaley nu kahwey sein ak tu-a albaadi s ,dekh lo bhaaiyo dusrey bhi sein albaadi ,

Ravindarjeet Bhai Saheb ........................
Kabul ke ghode bhot e mashoor hai. par bhai iska matlab ye to na nikel k bit ghadhe na hove .................................
 
म्हारी गाल में एक छोरा था अजमेर सिंह (वो-ए जो म्हारी बर्फी ले कें भाज्या था ,एर हाम ने ऊ की मेंहेस धंसा दी थी ) , उने हाम मस्तु कह्या करदे |(मस्तु-गुड बनावन का एक औजार ) | हाम ९-१० बालक हांनिये थे एर यो म्हारे तें 3-४ साल बड्डा था | यो सारयां नु तंग कर्या करदा | किस्से हो की घिट्टी मोस देंदा | किस्से का गण्डा खोस के चुन्घ लेंदा | किस्से पे मूत देंदा | जोहड़ में नह्न्दे ,तो बालक ने तले दाब देंदा, पाणी में ,एर इतने छटपटावे कोणी ,ईतने ना छोड़दा | घणा कूबद्दी था | ऊ की माँ भी नु कहन्दी, एक बेटा में के करूँ, थारा-ए भाई स | (ऊह का बाबू मर ऱ्या था,जयां तें वो आपनी माँ की दाब कम्म्ये मान्या करदा )| एक बे हाम ने पलान बनाई, अक किस्से ऐकले के तो वो बस में ना आवे ,हाम सारे मिल के तो किम्मे ना किम्मे कर-ए लायांगे | एक बे हाम सारे जाणे जोहड़ में नाह्वन लागरे थे , उघाड़े | एर पाल पे म्हारे लत्ते धरे थे सारयां के | हाम ने वो घेर लिया, एर कोए ऊ के छिपके मारे एर कोए गार्या | वो ५-७ मिनट हामने बावला बनाए राख्या | इतने पलान के अनुसार सुरेंदर ऊ के लत्ते ठा कें ,एर उड़े-ए मरे होए डांगरआँ की खाग सी थी | कुत्त्या ने बणा राखी थी ,मांस खावन खातर | ऊ में बागा आया | जब काम हो लिया हाम सारे चाल पड़े ,आपने-२ लत्ते पहर कें | एर वो हंडे लत्ते टोहन्दा | उडे पाल पे ,ऊ की इस्सी रेल बनाई, घणी वार ताहि उघाडा हंडाया | कदे कोए उड़े सी कह दे ,अक ये पड़े तेरे लत्ते ,एर कदे पाल की दूसरी ओड़ ने कोए दुसरा कह दे | फेर आखिर घंटे भर पाछे बताये | एक रे तेरे लत्ते तो कुत्ते ठा की बडगे ईह में | बिचारे ने फेर लाकडीयाँ तें खींच के काढ़े | एर जोहड़ में धो कें आले -ए पहर के आया घरां | फेर जब पाछे वो सावधान रहवन लाग्या ,एर हाम भी उने कह देंदे एक घणी बकवाद करेगा तो तन्ने फेर उघाडा भाजावांगे | फेर हाम ने ऊ का नया नाँ धर दिया | नंगा मस्तु |
 
किस्से का गण्डा खोस के चुन्घ लेंदा | किस्से पे मूत देंदा |


भाईसाब यु मूतन आला किस्सा बताइयो एक बर |किस किस गेल रोग काट्या यु ! :rock :rock
 
भाईसाब यु मूतन आला किस्सा बताइयो एक बर |किस किस गेल रोग काट्या यु ! :rock :rock

kisse ho pe moot dendaa,jukar char paanch janey bethey sein otadey ke saahre ,parli od ke chadh kein ek be mahaare chaar paanch janyaa pe muttyaa thaa , er ek be saanwliyaa dandaa khelan laagrey they jab roonkh pe chadh ke tale khade baalkaan p[e dhaar maar di thee.
 
kisse ho pe moot dendaa,jukar char paanch janey bethey sein otadey ke saahre ,parli od ke chadh kein ek be mahaare chaar paanch janyaa pe muttyaa thaa , er ek be saanwliyaa dandaa khelan laagrey they jab roonkh pe chadh ke tale khade baalkaan p[e dhaar maar di thee.


असली "अल्बाद" तो या सै | :rock
 
म्हारी गाल में एक छोरा था लीलू (ऊ का असली नाँ तो याद कोणी इब्ब )| एक बे उह ने गाल में आके या बात फेला दी अक रितओहडी (एक जोहड़ का नाँ ) की पाळ(जोहड़ के कंथारे का टिल्ला) कती लाल घिच हो री सें | किस्से के भरोसा ना होया अक अचानक पाळ घिच लाल कुकर हो सके सें | या बात तडके-११-१२ बजे की होंगी | हाम १५ -१६ बालक ६-७ लुगाई एर २-३ बुड्ढे चाल पड़े पाळ ने देखन अक के होया |जोहड़ आधा की.मी. पे था |
इतने हाम रीतोहोडी पे पोहचे इतनी भीड़ ५० ताहि पुन्च्गी थी | पहलम तो वो सारयां ने पाल पे ले गा अक उप्पर सी ने लाल होरी से | एर फेर वो भुंडी ढाल भाज पड्या एर खेताँ में चढ़ गा | सारी गाल के माणस बेवकूफ बनाए |
 
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rog hi kat diye bhai hum bhi isi he the....

Yo Jeetu to lugaiya ki tatti key bhi bandha lawega.
:rockekdum andi jat seeee............:boxing
Ek be mahre schhol ke PTI ne mahri class k balak peet diye
3-4 balkan ne PTI k scooter ki tel ki tanki me ret ghal diya uska sara engine bandh ki pichha chutya

Agley din Prathana me Principal dhamkawe balka ne TO PTI nicchi naad karki balkan kani lakhawe ek koyesa haanse to nahi se.:rock:rock:rock
hase ke sharma ke hui bunda hak hoga hoga.
 
मेरी बेबे का बियाह लिखवाना था ,तो म्हारे घरां के एर गाल के माणस कट्ठे हो रे थे | एर पंडित आर्य समाज की बखिया उधेडन लाग रया था | महारा गाम आर्य समाजी स, एर घन्खरे कार्य करमां में आर्यसमाज के शास्त्री ने-ए बुलावन का रिवाज था | म्हारे गाम में १५०-२०० के लगभग बामणा के घर होंगे | लगभग पूरा ठोला | पर घन्खरे भामण खेती-बाड़ी एर नोकरी -पेशा कर्या करें | यो-ए एक भामण था जो कर्मकांडी था एर इन्हें जब शास्त्री ना पांदा तो बुला कें लाया करदे | एर यो मोका मिलदे-ए आर्यसमाज की गेल लाग लेंदा,क्योंकि ऊ की रोजी रोटी मारी जा थी | यो कहवन लाग्या एक मूर्ति में बहोत घणी ताकत स | एक बे एक आदमी ने एक गाँ की मूर्ति के चाक़ू मार दिया था ,तो जबे की जब ऊ की ठान में बंधी गाँ मर गी थी | कई बुड्ढे ऊ की हाँ में हाँ मिलावें | में गया एर मेरी माँ ने चुन ओसन राख्या था| मन्ने ऊ चुन की एक गाँ बनाई एर एक चाक़ू लिया , एर जित लोक बेठे थे ,उडे जा कें ,एर भामण ताहि दिखा कें ,ऊ चुन की गाँ के चाक़ू मार दिया | मखा ले इब्ब दिखा ,वा म्हारी गाँ बांध री,कुकर मर गी | भामण तो ठा कें आपना चादरा एर डोंगा,सट्टक-सट्टक चाल्दा हो लिया | एर मेरे बाबू तें कह गा अक भाई तेरा छोरा आउट ऑफ़ कंट्रोल हो लिया स संम्भाल लिए | पाखंडी भामण |
 
1) mera mama ganna kasuta tha bachpan me....wo 7-8 jamat me tha...arr ganna albadi...gaam me unne jokar kaya karte....arr uski party ne jokar party..kai balak katthe raha karte we...
ek baar bhains le ja raha tha jod pe...udde 2 bhainsa ki puuchad baad di....arr kare dheko meri 2 bhainsa aki naar....we bhains baaj li arr ek ki pucchad jama jad te paatgi....
ghar ne aate hi mere nana k kasuta bakal maanga mera mama ka....

2) arr ek be mere usse mama ki sikyaat le k aaya ek heri(ST caste) ka...bola mere nana ne....ak dada wo jaukar(mere mama ka famous naam) thara e se....mera nana bola haan bhai....k hoga?
wo bola heri ka...ki usne mere burka bhar liya...to mera nana bola chutthe hi.....ki beta ibb wo jaukar mara nahi raha....ja usne me thaare gara bhej dunga....are usne jab heri ke k burka bhar diya te wo jaat ka nahi hai ibb...
 
एक बे मेरे मामा का छोरा गुलू फोगाट म्हारे घरां आया(यो घणा कसुता कुभाद्दी था ) इने आपनी बक्वाद्यां के कारण हाम कई बे पिटवा लिए थे | एर थोड़ी वार पहलम मेरे काका ने (जो थानेदार था ) मेरे गोला-लाठी दी थी |में जोहड़ में नहा के आवन लाग्र्या था, एर ऊ के थया गा | मेरे दोस्त भी हराम खोर थे , सुवाद लेवन के मारे जान बुझ के मेरे काका ताहि बता देंदे, एक देख रविंदर जोहड़ में नहा के आया स | जब की वे भी मेरी ग़ल-ए नहा के आंदे | एर मेरा काका पुलिस आले ,सजा देवन के तरीके ,मेरे पे लागू कर देंदा | तो मेरे छोटे भान -भाई मन्ने चिडान लागरे थे ,वो आया जब | गुलू बेरा ना था ,अक गोला लाठी के हो स | वो बोल्या अक मन्ने भी सिखा दो | हामने ला के ऊ के गोला लाठी एर तुड़े आले ओबरे में गेर दिया | फेर तो वो २ घंटे सारा कुल्हे गया एर ऊ के हाड चिसन लागे इंतनी वार में | फेर मेरी माँ ने आके छुड्वाया वो | ब्याज सहित बदला |
 
हाम जब पराइमरी स्कूल में पढ्या करदे | एक बे भारत सरकार का कोए मंत्री मरग्या | एर स्कूल में जांदी हाणा-ए बालक कहन लागे एक आज तो छुट्टी पक्की स | पर हेडमास्टर ने भी पराथ्ना के बखत किम्मे ना कह्या | बालक बोल-बाले आपने -२ कमर्याँ में जा कें बैठ गे | पर सारे उकडू होरे भाजन खातर | जब तफरी, क,छुट्टी होवण नु होंदी तो बालक पहलम-ए तेयार हो जांदे भाजन खातर एर कम तोह कम २००-३०० मीटर भाजे पाछे-ए रूकदे| यो रोज का काम था बालकां का (पराइमरी के )| जब एक आध घंटी जा ली एर कोए घंटी नि बाजी छुट्टी की ,तो बालक निराश हो गे | मंत्री के मरण का कोए फेदा कोणी होया | जब्बे-ए छुट्टी की घंटी बाज गी | एर बालक गोली हो लिए | जब ताहि हेडमास्टर एर दुसरे मास्टर लिकड़ कें आये इतने तो आधा स्कूल बाहर हो लिया था | आसल में उत बालका ने (वे-ए बालक जो सड़क पे गोगल खोसया करदे )लूकमा घंटी बजा दी थी |धिन्ग्ताना छुट्टी |
 
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