General Knowledge Thread.

thuee kae ho sae, Ravinder jee?

Regards,

Urmila.

थुई मांस का एक लोथड़ा हो स जो बल्धां के कान्ध्याँ पे हो स | यु दो काम आवे स |एक-पाछले कई हजार साल में बल्धां के कान्ध्याँ पे जुआ धरण के कारण उड़े अधिक मात्रा में यु मांस कट्ठा होग्या जो कालान्तर में जेनेटिक रूप लेग्या | दुसरा -- इस लोथड़े में चर्बी हो स जो ठन्डे मौसम में एक्स्ट्रा एनर्जी प्रदान करे स बलध ने | एक चीज और हो स यूनिक ,"झालर "या झालर मुंह धोरे तें सुरु हो के अर बलध /गाँ के आगले पायां के बीचाले ताहि जाया करे ,या क्यूँ हो स मन्ने नि बेरा | किस्से ने बेरा हो तो बता दिओ |--------------------सदभावनाओं सहित |

http://www.jatland.com/forums/attachment.php?attachmentid=10731&thumb=1&d=1284531093
 
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भाई तन्ने कारण तो कोणी बताया |

I already mentioned the reason : Nature's Law of Uniqueness.

We humans are not Human made or Machine made products of some specific size or pattern but we born as Nature's Unique Individuals. There are no clones and no identical human beings. Even so called identical twin are not exactly identical. Similarly, each and every part of our body is also unique.

I hope it is clear NOW.

 
I already mentioned the reason : Nature's Law of Uniqueness.

We humans are not Human made or Machine made products of some specific size or pattern but we born as Nature's Unique Individuals. There are no clones and no identical human beings. Even so called identical twin are not exactly identical. Similarly, each and every part of our body is also unique.

I hope it is clear NOW.


ठीके हो गा ले मान्ल्याँ सां |
 
Thaari mhains ka to bera na bhai saab ......normal mhains ke uparle jabade mein ek bhi daant na hota.:rock

पर राकेश हर के गाम की मेन्ह्स्याँ के तो उपरले जाब्ड़े में भी हों सें ,जिब्बे तो बुझे स |
 
शेविंग ब्लेड बिचाले तें विशेष आकार में क्यूँ काटया होड़ हो स ?
 
थुई मांस का एक लोथड़ा हो स जो बल्धां के कान्ध्याँ पे हो स | यु दो काम आवे स |एक-पाछले कई हजार साल में बल्धां के कान्ध्याँ पे जुआ धरण के कारण उड़े अधिक मात्रा में यु मांस कट्ठा होग्या जो कालान्तर में जेनेटिक रूप लेग्या | दुसरा -- इस लोथड़े में चर्बी हो स जो ठन्डे मौसम में एक्स्ट्रा एनर्जी प्रदान करे स बलध ने | एक चीज और हो स यूनिक ,"झालर "या झालर मुंह धोरे तें सुरु हो के अर बलध /गाँ के आगले पायां के बीचाले ताहि जाया करे ,या क्यूँ हो स मन्ने नि बेरा | किस्से ने बेरा हो तो बता दिओ |--------------------सदभावनाओं सहित |

http://www.jatland.com/forums/attachment.php?attachmentid=10731&thumb=1&d=1284531093

इहने "आल" भी कहया करें
 
पर राकेश हर के गाम की मेन्ह्स्याँ के तो उपरले जाब्ड़े में भी हों सें ,जिब्बे तो बुझे स |
Rakesh bhai saab ke gaam me hote honge , par inki mhens ka bharosa nai,kam se kam 8-10 punjhad to hogi hi inki mhens ke.
 
अच्छी भली thread का भी कीमा बना दिया.

आप सब से गुजारिश हैं, अपनी लेग-pulling कित्ते और कर लियो, ईत माडा सा ज्ञान की बात हो लेने दो.

उर्मिला जी भी सोच रही है, ये लोग नहीं सुधरने वाले .. वो भी knowledge छोड़ कर, मसखरी में लग गयी है.

छो में मत अइयो मेरा कमेन्ट पढ़ के !!
 
पाछले कई हजार साल में बल्धां के कान्ध्याँ &amp

पाछले कई हजार साल में बल्धां के कान्ध्याँ पे जुआ धरण के कारण उड़े अधिक मात्रा में यु मांस कट्ठा होग्या जो कालान्तर में जेनेटिक रूप लेग्या
ravinderjeet ji, ek baar scientist 'kalantar me genetics me change ke baare mein' research kar rahe the (naam yaad nahi hai, chahoge tai dhoondh ke bata doongi), unnhe ek chuhe ki poonch kaat di, par chuhe ki aagli generation mein poonch aale chuhe ae paida hue, aagli generation ki bi poonch kaat di, pher bi unke poonch aale chuhe ae paida hue. yo experiment unneh, kai generation tai chalaya, par kati poonch aale chuhe pher bi konya paida hue unke. tai scientista ne conclude karya ek kalantar mein genetics main change external intervention (artificial intervention by human) tai konya aata.
 
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पाछले कई हजार साल में बल्धां के कान्ध्याँ पे जुआ धरण के कारण उड़े अधिक मात्रा में यु मांस कट्ठा होग्या जो कालान्तर में जेनेटिक रूप लेग्या
ravinderjeet ji, ek baar scientist 'kalantar me genetics me change ke baare mein' research kar rahe the (naam yaad nahi hai, chahoge tai dhoondh ke bata doongi), unnhe ek chuhe ki poonch kaat di, par chuhe ki aagli generation mein poonch aale chuhe ae paida hue, aagli generation ki bi poonch kaat di, pher bi unke poonch aale chuhe ae paida hue. yo experiment unneh, kai generation tai chalaya, par kati poonch aale chuhe pher bi konya paida hue unke. tai scientista ne conclude karya ek kalantar mein genetics main change external intervention (artificial intervention by human) tai konya aata.


फेर माणस की पूंझड कित गई ?????? इब्ब क्यूँ नि आंदी ?????? यु राकेश दूसरां के नकली पूंझड लांदा हंडे | जा इब्ब ताहि आपणी-ए रह जांदी तो इह भाई ने इन्नी मेहनत ना करणी पड दी |
 
फेर माणस की पूंझड कित गई ?????? इब्ब क्यूँ नि आंदी ?????? यु राकेश दूसरां के नकली पूंझड लांदा हंडे | जा इब्ब ताहि आपणी-ए रह जांदी तो इह भाई ने इन्नी मेहनत ना करणी पड दी |

रविंदर जी, आप मेरे पोस्ट की आखरी लन पढो, मैंने कही स ' artificial intervention by human ' , आदमियां की poonjad scientista न ना काटी, वा त भगवान् की marzi त कट्टी स .. बलधा क थुई जुआ धरे त बन सकै स पर वा कालांतर में genetic रूप ना ले सकती . मेरे कहन का मतलब स अक कोए अपणी नाक की प्लास्टिक सर्जरी करवा ले त कालांतर में उसकी अगली generation की नाक modified पावगी??????????. आपके जवाब का इंतज़ार है.!
अर एक बात और, आदमी की त कदे phoonjad थी अ ना. आदमी direct बयना phoonjad के आया था धरती प. अर आदमी बांदर त कोन्या बणा.! नहीं त ये आजकल के बांदर क्यूँ ना आदमी बनते.
darwin's theory proved wrong, #8 His theory of human beings evolving from apes.
 
विंदर जी, आप मेरे पोस्ट की आखरी लन पढो, मैंने कही स ' artificial intervention by human ' , आदमियां की poonjad scientista न ना काटी, वा त भगवान् की marzi त कट्टी स .

सुदेश जी ,भगवान् की कोए मर्जी ना स इह में | यु ते विकास के सिद्धांत के अनुसार जो उपयोगी स वो रह गया अर जो अनुपयोगी था वो खुगा |




. बलधा क थुई जुआ धरे त बन सकै स पर वा कालांतर में genetic रूप ना ले सकती . मेरे कहन का मतलब स अक कोए अपणी नाक की प्लास्टिक सर्जरी करवा ले त कालांतर में उसकी अगली generation की नाक modified पावगी??????????.




विकास के सिद्धांत के अनुसार हर जीव में प्रिसिथितियों के अनुसार शरीर को ढालने की क्षमता होया करे | जुकर हाथां में आटन पढ़ना न्यू-अ बल्धां की जरूत के हिसाब तें उह के थुई बण गी



आपके जवाब का इंतज़ार है.!


में घणा इंतिजार ना कराया करूं किस्से नु |


अर एक बात और, आदमी की त कदे phoonjad थी अ ना.


आदमी विकास के सिद्धांत के अनुसार-ए बंन्या स | माणस माछरां अर आखियाँ ने हाथ तें अर दुआइयां तें मारण लाग्या, ज्यां तें उह का प्रयोग छुटग्या , अर ज्यां तें ,पूंझड ने माणस छोड़ दिया | अर भाजती हाण पायां में भी फंसया करदी ,अर जा उप्पर ने ठा के ने भाजते ते फेर रून्खां में के तीर कमान में फंस जांदी | आप की बात तें ते सारे जीव वेगानिकाँ ने आत्म हत्या करणी पड़ेगी |


आदमी direct बयना phoonjad के आया था धरती प.


उप्पर ते आप ने लिख्या स अक भगवान् ने काट दी ,इह का मतलब ते पहलम थी फेर किस्से माणस ने आल्बाद करी होगी भगवान् की गेल्याँ अर उह की आँख में पूंझड दे मारी होगी ,जुकर कई बे मेन्ह्स म्हारे मार दिया करदी अर छो में हाम उह्की पूंझड ने कसुती ढाल मरोड़ दिया करदे |
अर आदमी बांदर त कोन्या बणा.!


आप के बात करो सो सुदेश जी ,ये दिल्ली की सरकार चलान लागरे आपने दिख्दे कोणी के ? पर सें बिना पूंझड के |




नहीं त ये आजकल के बांदर क्यूँ ना आदमी बनते.



सहज-सहज बणन ते लागरे सें | जब माणस ने माणस मार दे गा फेर इन्ने का राज आवेगा | वो एक चलचित्र था ना "प्लेनेट आफ एप्स " बस वो-ए होणा स |


darwin's theory proved wrong, #8 His theory of human beings evolving from apes.


ना जी ,राँग परूव कोणी होई स ,बस एक अलग विचाराँ की पर्स्तुती स |


----- सदभावना सहित |





 
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