S sivach New member Feb 12, 2013 #2,161 मेहमान बन के आये किसी रोज़ अगर वो उस रोज़ बिन सजाये ही मेरा घर सजा लगे
R rskankara Member Feb 12, 2013 #2,162 सलीके से अब दिल दुखाए जाते हैं| रुलाने के बाद, फिर हँसाए जाते हैं।
R rskankara Member Feb 12, 2013 #2,163 क्यों लोग जमाने से वफा माग रहे हैं| कातिलों से मसीहा की अदा माग रहे हैं||
R rskankara Member Feb 12, 2013 #2,164 ये अहसासों की बातें हैं, पुरानी हो नही सकती | जो बूंदें आँख से टपकें, वो पानी हो नही सकती ||
R rskankara Member Feb 12, 2013 #2,165 चिराग किससे अपना दर्द बयान करे, जिसको जलाने वाला ही बुझा गया। अपनों ने बढ़ायी थी जहां उलझन, वहां कोई गैर आके मसला सुलझा गया।
चिराग किससे अपना दर्द बयान करे, जिसको जलाने वाला ही बुझा गया। अपनों ने बढ़ायी थी जहां उलझन, वहां कोई गैर आके मसला सुलझा गया।
S sivach New member Feb 13, 2013 #2,166 ना जाने कौन दुआओं में याद रखता है, मैं डूबता हूँ और समंदर उछाल देता है !!
S sandeepsirohi New member Feb 13, 2013 #2,167 तलाश कर मेरी कमी को अपने दिल में ऐ दोस्त | दर्द हो तो समझ लेना कि महोब्बत अभी बाकी है ||
S sandeepsirohi New member Feb 13, 2013 #2,168 बिना गम के ख़ुशी का पता कैसे चलेगा | बिना रोंए हुए, हंसी का मज़ा कैसे मिलेगा || जो उसे करता हैं, उसे वही जानता है | अगर हम जान गए तो, उसे खुदा कौन कहेगा ||
बिना गम के ख़ुशी का पता कैसे चलेगा | बिना रोंए हुए, हंसी का मज़ा कैसे मिलेगा || जो उसे करता हैं, उसे वही जानता है | अगर हम जान गए तो, उसे खुदा कौन कहेगा ||
S sandeepsirohi New member Feb 13, 2013 #2,169 तेरी यादें भी हैं मेरे बचपन के खिलोने जैसी | तनहा होता हूँ तो इन्हें ले कर बैठ जाता हूँ ||
S system Administrator Staff member Feb 14, 2013 #2,170 Thread is too big. Continued here: http://www.jatland.com/forums/showthread.php?35578